
अभाविप जिला सूरजपुर द्वारा तेजस्विनी माता राजमोहनी देवी युवती सम्मेलन एवं शोभायात्रा का भव्य आयोजन किया
सरगुजा न्यूज़ टुडे ब्यूरो चीफ सूरजपुर राजेश गुप्ता
सूरजपुर। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) जिला सूरजपुर के तत्वावधान में तेजस्विनी माता राजमोहनी देवी युवती सम्मेलन एवं भव्य शोभायात्रा का आयोजन उत्साह एवं गरिमामय वातावरण में किया गया। कार्यक्रम में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से लगभग चार हजार पांच सौ (4,500) से अधिक संख्या में युवतियों ने सहभागिता की। सम्मेलन का उद्देश्य युवतियों में नेतृत्व क्षमता का विकास, सामाजिक जागरूकता को बढ़ावा देना, महिला विमर्श के विभिन्न पहलुओं पर सार्थक चर्चा करना तथा राष्ट्र निर्माण में युवतियों की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित करना रहा।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में छत्तीसगढ़ शासन की कैबिनेट मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े जी उपस्थित रहीं। इसके साथ ही विशिष्ट अतिथि के रूप में राष्ट्रीय सेविका समिति कोरिया विभाग कार्यवाहिका श्रीमती बबीता सिंह जी, तथा अभाविप की परिषद वक्ता के रूप में प्रांत सह छात्रा प्रमुख सुश्री उर्वशी वर्मा जी, कोरिया विभाग छात्रा प्रमुख रेशमी सिंह, जिला छात्रा प्रमुख नीरज सिंह की गरिमामयी उपस्थिति रही। अतिथियों की उपस्थिति ने कार्यक्रम में शामिल युवतियों का उत्साह बढ़ाया और उन्हें सामाजिक एवं राष्ट्रीय जीवन में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम की शुरुआत उत्साहपूर्ण वातावरण में हुई, जिसमें युवतियों ने बढ़-चढ़कर सहभागिता की। शोभायात्रा के दौरान युवतियों में विशेष उत्साह देखने को मिला। अनुशासन, एकजुटता और सामाजिक जागरूकता का संदेश देते हुए शोभायात्रा ने नगर में सकारात्मक वातावरण का निर्माण किया। आयोजन के माध्यम से समाज में युवतियों की बढ़ती भागीदारी और उनके नेतृत्व को सामने लाने का प्रयास किया गया।
युवतियों की भूमिका पर हुआ सार्थक संवाद
तेजस्विनी माता राजमोहनी देवी युवती सम्मेलन का प्रमुख केंद्र युवतियों की सहभागिता और नेतृत्व क्षमता रहा। सम्मेलन में इस बात पर विशेष रूप से चर्चा की गई कि वर्तमान समय में युवतियां शिक्षा, सामाजिक सेवा, प्रशासन, राजनीति, संस्कृति, खेल सहित विभिन्न क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा और क्षमता का प्रभावी प्रदर्शन कर रही हैं।
वक्ताओं ने कहा कि किसी भी राष्ट्र की प्रगति केवल आर्थिक विकास तक सीमित नहीं होती, बल्कि समाज के प्रत्येक वर्ग की सक्रिय भागीदारी से राष्ट्र मजबूत बनता है। युवतियों को शिक्षा और अवसरों के साथ-साथ निर्णय लेने, नेतृत्व करने तथा समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए उचित मंच और वातावरण मिलना आवश्यक है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से युवतियों को अपने विचार व्यक्त करने और सामाजिक विषयों पर संवाद करने का अवसर मिलता है।
सम्मेलन में महिला विमर्श से जुड़े विभिन्न विषयों पर भी चर्चा हुई। महिलाओं की सामाजिक भूमिका, शिक्षा, आत्मविश्वास, नेतृत्व, सुरक्षा, समान अवसर तथा सामाजिक उत्तरदायित्व जैसे विषयों को लेकर विचार साझा किए गए। वक्ताओं ने कहा कि महिला सशक्तिकरण केवल किसी एक क्षेत्र तक सीमित विषय नहीं है, बल्कि यह परिवार, समाज और राष्ट्र के समग्र विकास से जुड़ा हुआ विषय है।
राष्ट्र निर्माण में युवतियों की महत्वपूर्ण भूमिका
कार्यक्रम के दौरान युवतियों को राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका को समझने और उसे प्रभावी रूप से निभाने के लिए प्रेरित किया गया। वक्ताओं ने कहा कि आज की युवती केवल अपने व्यक्तिगत भविष्य का निर्माण करने वाली नहीं, बल्कि समाज के भविष्य को दिशा देने वाली शक्ति भी है। शिक्षा और संस्कारों के साथ यदि युवतियों को नेतृत्व के अवसर प्राप्त हों तो वे समाज में व्यापक सकारात्मक परिवर्तन ला सकती हैं।
अभाविप द्वारा आयोजित इस सम्मेलन के माध्यम से युवतियों में राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी, सामाजिक सरोकार और नेतृत्व की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया गया। सम्मेलन में उपस्थित युवतियों ने भी विभिन्न विषयों पर अपनी सहभागिता दर्ज कराई और समाज तथा राष्ट्र के विकास में अपनी भूमिका को लेकर विचार व्यक्त किए।
आयोजन में दिखी युवाओं की सक्रिय सहभागिता
कार्यक्रम में युवतियों के साथ ही बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं और सामाजिक क्षेत्र से जुड़े लोगों की सहभागिता रही। आयोजन की तैयारियों से लेकर कार्यक्रम के संचालन तक कार्यकर्ताओं ने सक्रिय भूमिका निभाई। पूरे कार्यक्रम के दौरान अनुशासन एवं व्यवस्था बनाए रखने पर विशेष ध्यान दिया गया।
अभाविप जिला सूरजपुर द्वारा आयोजित इस सम्मेलन को युवतियों के लिए संवाद, प्रेरणा और नेतृत्व विकास का महत्वपूर्ण मंच माना गया। कार्यक्रम में शामिल प्रतिभागियों ने सम्मेलन के माध्यम से मिले अनुभवों और विचारों को समाज में सकारात्मक परिवर्तन के लिए उपयोग करने की बात कही।
तेजस्विनी के रूप में युवतियों को आगे बढ़ने का संदेश
तेजस्विनी माता राजमोहनी देवी युवती सम्मेलन के माध्यम से युवतियों को आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने और अपनी प्रतिभा का उपयोग समाजहित में करने का संदेश दिया गया। आयोजन में यह विचार प्रमुखता से सामने आया कि युवतियों के भीतर नेतृत्व, संवेदनशीलता, रचनात्मकता और निर्णय लेने की क्षमता मौजूद है, आवश्यकता केवल उन्हें उचित अवसर और मंच प्रदान करने की है।
सम्मेलन में उपस्थित अतिथियों ने युवतियों को अपने लक्ष्य के प्रति सजग रहने, शिक्षा एवं ज्ञान को प्राथमिकता देने तथा समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि युवतियों की सक्रिय और सकारात्मक भागीदारी से समाज में नई ऊर्जा का संचार होता है तथा आने वाली पीढ़ियों को भी प्रेरणा मिलती है।
उत्साह और गरिमा के साथ संपन्न हुआ आयोजन
तेजस्विनी माता राजमोहनी देवी युवती सम्मेलन एवं शोभायात्रा का आयोजन उत्साहपूर्ण एवं गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में युवतियों की बड़ी संख्या में सहभागिता ने आयोजन को विशेष बनाया। शोभायात्रा और सम्मेलन के माध्यम से युवतियों की शक्ति, सहभागिता और नेतृत्व क्षमता को समाज के सामने प्रस्तुत करने का प्रयास किया गया।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद जिला सूरजपुर ने इस आयोजन के माध्यम से युवतियों को सामाजिक एवं राष्ट्रीय जीवन में आगे आने, अपने विचारों को मजबूती से रखने और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय योगदान देने का आह्वान किया। कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों, कार्यकर्ताओं एवं प्रतिभागियों ने आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
इस प्रकार तेजस्विनी माता राजमोहनी देवी युवती सम्मेलन एवं शोभायात्रा केवल एक कार्यक्रम तक सीमित न रहकर युवतियों के नेतृत्व, सहभागिता और राष्ट्र निर्माण में उनकी भूमिका को लेकर संवाद का प्रभावी मंच बना। कार्यक्रम से युवतियों में नई ऊर्जा और आत्मविश्वास का संचार हुआ तथा समाज में उनकी सक्रिय भूमिका को और अधिक मजबूत करने का संदेश गया।













