
भैयाथान में महिला समूहों का आक्रोश पहुंचा जिला पंचायत
कार्यालय खाली कराने के दबाव का आरोप, महिलाओं ने कहा, लिखित वैकल्पिक व्यवस्था के बिना नहीं छोड़ेंगे कार्यस्थल*
राजेश गुप्ता सूरजपुर/भैयाथान:– जिले के भैयाथान विकासखंड में महिला स्व-सहायता समूहों और जनपद पंचायत प्रशासन के बीच चल रहा विवाद अब जिला पंचायत तक पहुंच गया है। ‘मां महामाया महिला ग्राम संगठन’ और ‘रानी लक्ष्मीबाई महिला क्लस्टर संगठन’ से जुड़ी महिलाएं जनपद पंचायत सीईओ पर फोन के माध्यम से कार्यालय खाली करने के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाते हुए जिला पंचायत सीईओ के समक्ष शिकायत लेकर पहुंचीं।
महिलाओं के अनुसार, वर्ष 2019 से ट्राईबल मार्ट में उनका क्लस्टर कार्यालय संचालित हो रहा है। उनका आरोप है कि कार्यालय खाली कराने के संबंध में अब तक कोई लिखित आदेश या नोटिस नहीं दिया गया, इसके बावजूद फोन के माध्यम से कार्यालय खाली करने के लिए कहा जा रहा है।
महिलाओं ने कहा कि यदि प्रशासन को कार्यालय खाली कराना है तो उन्हें विधिवत लिखित आदेश दिया जाना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि वर्षों से संचालित कार्यालय को वैकल्पिक व्यवस्था किए बिना खाली कराने की जरूरत क्यों पड़ी।
महतारी सदन को लेकर भी महिलाओं ने अपनी आपत्ति दर्ज कराई। उनका कहना है कि जब तक निर्माण कार्य पूरा होकर भवन विधिवत रूप से उन्हें उपलब्ध नहीं कराया जाता, तब तक वर्तमान कार्यालय खाली करना उचित नहीं होगा। महिलाओं के अनुसार, अचानक कार्यस्थल बदलने से संगठन की गतिविधियां प्रभावित हो सकती हैं।
संगठन की पदाधिकारी सहित अन्य महिलाओं ने स्पष्ट किया कि लिखित और सुरक्षित वैकल्पिक व्यवस्था होने तक वर्तमान कार्यालय खाली नहीं किया जाएगा। महिलाओं ने कहा कि उनकी मांगों पर समाधान नहीं हुआ तो वे आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए बाध्य होंगी।
जिला पंचायत तक शिकायत पहुंचने के बाद अब मामले में प्रशासन की अगली कार्रवाई पर नजर है। महिलाओं की शिकायत, कार्यालय खाली कराने के निर्देश और वैकल्पिक व्यवस्था को लेकर प्रशासन का पक्ष सामने आने के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।














