
झलगी पर प्रसूता, सड़क ने रोका महतारी एक्सप्रेस का रास्ता, विकास के दावे हुए बेनकाब
सरगुजा न्यूज़ टुडे रिपोर्टर भटगांव राजेश गुप्ता सलका
/भटगाव— विकासखंड भैयाथान के ग्राम पंचायत बड़सरा से आई तस्वीर ने सरकार और प्रशासन के विकास के दावों की पोल खोल दी है। यहाँ एक प्रसव उपरांत महिला को महतारी एक्सप्रेस तक पहुँचाने के लिए झलगी (कपड़े की चारपाई) पर बिठाकर ले जाना पड़ा। यह नजारा न केवल मानवता को शर्मसार करता है, बल्कि जमीनी हकीकत का कड़वा सच भी सामने लाता है।
क्या है मामला ?
ग्राम पंचायत बड़सरा के आमाखोखा निवासी इंद्रदेव सिंह की पत्नी मानकुंवर (उम्र 25 वर्ष) दूसरी बार गर्भवती थी। आमाखोखा की सड़क इतनी खराब है कि यहाँ चारपहिया वाहन जा ही नहीं सकते। बुधवार सुबह करीब 7 बजे महिला ने घर पर ही बच्चे को जन्म दिया।
महतारी एक्सप्रेस पहुंची, पर सड़क ने रोका रास्ता
प्रसूता को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाने के लिए महतारी एक्सप्रेस बुलाई गई, लेकिन खराब सड़क के कारण यह वाहन इंद्रदेव के घर तक नहीं पहुंच सका। करीब एक किलोमीटर दूर रुकना पड़ा। मजबूरी में महिला को झलगी पर बैठाकर उसके पति और पड़ोसियों ने कंधों पर उठाकर महतारी एक्सप्रेस तक पहुँचाया।
*विकास के दावे खोखले*
सरकार और जनप्रतिनिधियों के विकास के तमाम दावे इस तस्वीर के सामने बौने साबित हो गए। जहां एक ओर योजनाओं और सुविधाओं के नाम पर करोड़ों खर्च किए जा रहे हैं, वहीं आज भी ग्रामीणों को बुनियादी सुविधा, सड़क के लिए तरसना पड़ रहा है।










