
Raipur. Once again a big action of the Central Bureau of Investigation (CBI) has been seen in Chhattisgarh. आज सुबह CBI की टीम ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के रायपुर और भिलाई स्थित निवास पर छापेमारी की। इस छापेमारी का संबंध महादेव सट्टा एप मामले से जुड़ा बताया जा रहा है, हालांकि, अभी तक इस मामले को लेकर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। CBI की टीम ने भूपेश बघेल के अलावा कई अन्य नेताओं, अधिकारियों और उनके करीबी सहयोगियों के ठिकानों पर भी कार्रवाई की।
इनके यहाँ छानबीन जारी सूत्रों के अनुसार, CBI ने भूपेश बघेल के पूर्व राजनीतिक सलाहकार और वरिष्ठ पत्रकार विनोद वर्मा, तथा कई आईपीएस अधिकारियों के घरों पर भी दबिश दी। इन अधिकारियों में शेख आरिफ, आनंद छाबड़ा, अभिषेक महेश्वरी, अभिषेक पल्लव, और कांग्रेस विधायक देवेंद्र यादव के नाम प्रमुख हैं। इसके अलावा, पूर्व IAS अधिकारी अनिल टूटेजा, एडिशनल एसपी संजय ध्रुव और आईपीएस प्रशांत अग्रवाल के ठिकानों पर भी CBI की जांच चल रही है।

बता दें कि, इससे पहले 10 मार्च को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने भी भूपेश बघेल के भिलाई निवास पर छापेमारी की थी। उस दौरान, ED ने भूपेश बघेल और उनके परिवार से 11 घंटे तक पूछताछ की थी। साथ ही, उनके घर से 33 लाख रुपये नगद भी बरामद किए गए थे। इस छापेमारी में परिवार के सदस्यों के मोबाइल फोन और कॉल डिटेल्स की भी जांच की गई थी।
भूपेश बघेल की प्रतिक्रिया इस कार्रवाई पर प्रतिक्रिया देते हुए, भूपेश बघेल ने X (ट्विटर) पर एक पोस्ट किया। उन्होंने बताया कि आगामी 8 और 9 अप्रैल को अहमदाबाद (गुजरात) में AICC की बैठक के लिए उनका दिल्ली जाने का कार्यक्रम था, लेकिन उससे पहले ही CBI ने उनके रायपुर और भिलाई स्थित निवास पर दबिश दी। उनका कहना है कि CBI की कार्रवाई से उन्हें कोई आश्चर्य नहीं हुआ।
Author: Shaif firdousi
KTUJM से मास्टर ऑफ जर्नलिज्म की उपाधि प्राप्त !









